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औकात

औकात की बात मत कर ऐ दोस्त
लोग तेरी बन्दूक से
ज्यादा मेरे आँखों से डरते है

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औकात

छेड़े इस शेर को,
है किसी की इतनी औकात,
गर्दिश में घेर लेते हैं
गीदड़ भी शेर को।